Wednesday 14 May 2008

थम सी गई जिन्दगी


आम शहरों से शांत रहने वाले शहर जयपुर की १३ मई की शाम दहशत ले आई .दहशतगर्दों की एक घिनोनी हरकत ने फ़िर से मानवता को शर्मसार कर दिया ।

एक के बाद एक लगातार नौं धमाके शहर के परकोटे के भीतर जो शहर का ह्र्द्धय है । आठ बजते बजते तो पूरा का पूरा शहर सहम गया था थम गया था शहर का जीवन अटक गयी थी सांसे ।

मौत का मंजर बेगुनाहों के जीवन को लील गया .शांत समझे जाने वाले राजस्थान मे अजमेर के दरगाह शरीफ के बाद दूसरा हादसा ।

क्या मिला ऐसे कुकर्त्य से उन दहशतगर्दों को .......!!!!!

शर्म और नाकामयाबी के सिवा शायद कुछ भी नही......

3 comments:

दुष्यंत said...

log taras naheen khaate bastiyan alaane men
umr beet jaatee h ik ghar banaane men

Anonymous said...

waah doctor sahab ,par jaipur walon kee himmat aur adbhav ko to salaam karnaa hee padegaa

Amit K. Sagar said...

when we are sleeping than others take a chance with your feelings so keep watching with interval